भारत ने 30 सितंबर को जापान में चीन को 238–234 से हराकर एशियाई खेलों की महिला कंपाउंड टीम तीरंदाजी का खिताब बरकरार रखा। आकाशवाणी की फाइनल संबंधी रिपोर्ट के अनुसार ज्योति सुरेखा वेन्नम, चिकिता तनिपर्थी और प्रिथिका प्रदीप ने ओकाजाकी चुओ सोगो पार्क में स्वर्ण पदक जीता।
भारतीय तिकड़ी सेमीफाइनल में दक्षिण कोरिया को 234–233 से हराकर खिताबी मुकाबले तक पहुंची थी। ऑनमनोरमा के अनुसार फाइनल में आखिरी छह तीरों के दौर से पहले भारत 178–176 से आगे था। टीम ने अंतिम दौर में सभी छह तीरों पर दस-दस अंक लेकर जीत सुनिश्चित की।
उसी रिपोर्ट के अनुसार 238 अंकों का विजयी स्कोर दक्षिण कोरिया के 2014 के एशियाई खेलों में बनाए विश्व रिकॉर्ड के बराबर रहा। चीन को रजत मिला, जबकि दक्षिण कोरिया ने कांस्य मुकाबले में चीनी ताइपे को हराया।
इस स्पर्धा में भारत का यह लगातार दूसरा खिताब है; पिछले हांगझोउ खेलों में भी टीम ने स्वर्ण जीता था। यह तीन तीरंदाजों की टीम स्पर्धा का नतीजा है, व्यक्तिगत और अलग मिश्रित टीम मुकाबले का नहीं। सेमीफाइनल की एक अंक की करीबी जीत के बाद फाइनल में चार अंक के अंतर से खिताब की सफल रक्षा हुई।
