पेट्रोलियम मंत्रालय के घोषित नियम के अनुसार, एक अक्टूबर से लागू सब्सिडी के साथ नियंत्रित खुदरा मूल्य पर घरेलू एलपीजी रिफिल बुक करने के लिए बायोमीट्रिक आधार प्रमाणीकरण पूरा होना चाहिए। 19 सितंबर की आधिकारिक सूचना और बिजनेस स्टैंडर्ड तथा द न्यू इंडियन एक्सप्रेस की स्वतंत्र खबरें यह शर्त बताती हैं। इसका लागू होना आज के व्यावसायिक सिलेंडर मूल्य संशोधन से अलग है।
मंत्रालय के अनुसार, प्रमाणीकरण पूरा कर चुके उपभोक्ताओं को इस बदलाव के लिए आगे कुछ नहीं करना है। बाकी लोग डिलीवरी के समय, वितरक के शोरूम या अपनी तेल विपणन कंपनी के मोबाइल ऐप से प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं। मंत्रालय का 89.9 प्रतिशत प्रक्रिया पूरी होने का आंकड़ा 19 सितंबर का है, आज की नई गिनती नहीं।
प्रमाणीकरण नहीं चाहने वाले या उसे पूरा नहीं कर सकने वाले उपभोक्ताओं के लिए घोषित विकल्प से गैस मिल सकती है। उन्हें कंपनी के माध्यमों पर यह विकल्प दर्ज करना होगा और स्थानीय उपलब्धता के अनुसार पांच या दस किलो के सिलेंडर बिना सब्सिडी बाजार मूल्य पर मिलेंगे। इसलिए घोषणा हर तरह की गैस आपूर्ति बंद होने की पुष्टि नहीं करती। देखी गई सामग्री में आज असफल बुकिंग या प्रभावित परिवारों की देशव्यापी संख्या नहीं थी।
