राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग की तीन सदस्यीय टीम के 5 अक्टूबर को ओडिशा के केंद्रपाड़ा जिले जाने की खबर है। टीम 11 जून की झड़प के दौरान एक निर्वाचित महिला सरपंच के साथ हुए कथित व्यवहार की जांच करेगी। ओमकॉम न्यूज और ओडिशाबाइट्स ने 2 अक्टूबर को जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक को भेजे गए पत्र के हवाले से प्रस्तावित दौरे की जानकारी दी।
रिपोर्टों के अनुसार, टीम महाकालपाड़ा ब्लॉक कार्यालय की घटना से जुड़े अधिकारियों, पुलिसकर्मियों, गवाहों, जांचकर्ता और चिकित्साकर्मियों के बयान लेगी। यह आगामी जांच का विवरण है; न दौरा अभी पूरा हुआ है और न अधिकारों के उल्लंघन का कोई निष्कर्ष सामने आया है।
इस मामले में दोनों पक्षों के अलग दावे हैं। सरपंच ने मारपीट और दुर्व्यवहार का आरोप लगाया था। जून में पुलिस ने हिरासत में मारपीट के आरोप को खारिज करते हुए कहा था कि सरकारी काम में बाधा और विरोध के दौरान पुलिसकर्मियों को चोटें आईं। द न्यूज इनसाइट ने 12 जून को पुलिस का यह पक्ष प्रकाशित किया था।
सरपंच की शिकायत पर अलग पुलिस जांच भी हुई थी। द न्यू इंडियन एक्सप्रेस ने 16 जून को बताया था कि ब्लॉक कार्यालय में मारपीट के आरोप में एक व्यक्ति गिरफ्तार हुआ है। गिरफ्तारी दोषसिद्धि नहीं है। अक्टूबर की नई रिपोर्टों में इन मामलों का अंतिम परिणाम या जिला प्रशासन का ताजा जवाब नहीं दिया गया है।
