उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले में पुलिस ने तीन और चार अक्टूबर की दरमियानी रात दीपक तिवारी को गिरफ्तार किया। वह आरएसएस कार्यकर्ता रामेश्वर तिवारी पर एक अक्टूबर को हुए हमले से जुड़े हत्या के मामले में आरोपी है। हिन्दुस्तान और नवभारत टाइम्स ने चार अक्टूबर को इस नई गिरफ्तारी की जानकारी दी। पैर में गोली लगने के बाद उसे इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया।

हिन्दुस्तान ने पुलिस अधीक्षक अभिजीत आर. शंकर के हवाले से गिरफ्तारी और अस्पताल में भर्ती कराए जाने की पुष्टि की। दोनों रिपोर्टों के मुताबिक कार्रवाई लार थाना क्षेत्र के सुतावर मोड़ के पास हुई। पुलिस का आरोप है कि संदिग्ध ने बचकर निकलने की कोशिश की और पुलिसकर्मियों पर गोली चलाई, जिसके बाद पुलिस ने उसे गोली मारी। घटनाक्रम का यह विवरण पुलिस का पक्ष है। समीक्षा की गई रिपोर्टों से गोली चलने की परिस्थितियों या बल प्रयोग के औचित्य की स्वतंत्र पुष्टि नहीं होती।

यह गिरफ्तारी स्पीड ब्रेकर को लेकर विवाद के बाद हुए कथित जानलेवा हमले के मौजूदा मामले में नई कार्रवाई है। मामले को संभालने में कथित लापरवाही के संबंध में चार पुलिसकर्मियों को पहले ही निलंबित किया गया था। मूल प्राथमिकी, चिकित्सा रिकॉर्ड या अदालत का आदेश तथा गिरफ्तार व्यक्ति या उसके वकील का पक्ष समीक्षा के लिए उपलब्ध नहीं था। गिरफ्तारी से दोष साबित नहीं होता।