महाराष्ट्र ने 1 अक्टूबर को मुंबई में इन्वेस्ट महाराष्ट्र मंच शुरू किया। इसी मौके पर करीब 8.57 लाख करोड़ रुपये के प्रस्तावित निवेश वाले 67 समझौता ज्ञापन हुए। फॉर्च्यून इंडिया में 2 अक्टूबर को प्रकाशित पीटीआई रिपोर्ट ने सरकारी विज्ञप्ति के हवाले से करीब 2.91 लाख नौकरियों का अनुमान बताया। ये प्रस्तावों के आंकड़े हैं, पूरा हो चुका निवेश या पहले से नियुक्त कर्मचारियों की संख्या नहीं।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि सरकार जमीन, बिजली, बुनियादी ढांचा, मंजूरियां और प्रशिक्षित कर्मचारियों जैसी जरूरतों में समन्वय करेगी। अधिकारियों ने मंच को निवेश आकर्षित करने, सहायता देने और निवेशकों से संपर्क रखने की एक संस्था बताया। उद्योग मंत्री उदय सामंत ने मौजूदा मैत्री सिंगल विंडो व्यवस्था से सहयोग का भी उल्लेख किया।
एएनआई की 2 अक्टूबर की रिपोर्ट के अनुसार, प्रस्ताव सेमीकंडक्टर, डेटा सेंटर, नवीकरणीय ऊर्जा, विनिर्माण, एयरोस्पेस, रक्षा, स्वास्थ्य और कृषि प्रसंस्करण जैसे क्षेत्रों में हैं। रिपोर्ट ने मुख्यमंत्री और उनके कार्यालय के सार्वजनिक बयानों का हवाला दिया। यह सूची बताती है कि राज्य किन क्षेत्रों में निवेश चाहता है; कितने प्रस्ताव निर्माण या उत्पादन तक पहुंचेंगे, यह इससे तय नहीं होता।
फडणवीस ने बड़ी कंपनियों से स्थानीय आपूर्तिकर्ताओं और छोटे उद्यमों को अपनी आपूर्ति श्रृंखला से जोड़ने तथा प्रशिक्षण में सहयोग देने को कहा। लोगों के लिए आगे की असली कसौटी परियोजनाओं का अमल और वास्तविक रोजगार होगा। देखी गई रिपोर्टों में पूरे पैकेज की सभी परियोजनाएं पूरी होने की समयसारिणी नहीं दी गई है।
