तेजपुर विश्वविद्यालय ने 3 अक्टूबर को बताया कि उसे शास्त्रीय असमिया अध्ययन के उत्कृष्टता केंद्र की मेजबानी के लिए चुना गया है। ईस्टमोजो की रिपोर्ट उसी दिन जारी विश्वविद्यालय की विज्ञप्ति पर आधारित है। शिक्षा मंत्रालय का संबंधित ज्ञापन 1 अक्टूबर का है।

मंत्रालय के ज्ञापन में पांच संस्थानों का नाम है। असमिया के लिए तेजपुर के अलावा बांग्ला के लिए विश्वभारती, मराठी के लिए पुणे का डेक्कन कॉलेज, पालि के लिए ओडिशा केंद्रीय विश्वविद्यालय और प्राकृत के लिए गुजरात केंद्रीय विश्वविद्यालय चुने गए हैं। इन केंद्रों का उद्देश्य संबंधित भाषाओं की विरासत पर शोध, डिजिटलीकरण और संरक्षण को बढ़ावा देना है।

तेजपुर के अनुसार नया केंद्र उसके मौजूदा असमिया अध्ययन कार्य को आगे बढ़ाएगा, जिसमें पांडुलिपियों का संरक्षण और अनुवाद शामिल हैं।