दिल्ली पुलिस ने चार अक्टूबर को बताया कि कानून-प्रवर्तन अधिकारी बनकर कॉल करने वालों से जुड़ी कथित ₹6 लाख की ठगी में दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पीटीआई ने कठुआ और भीलवाड़ा में गिरफ्तारियों की खबर दी। सार्वजनिक जानकारी में प्रत्येक गिरफ्तारी की तारीख नहीं बताई गई है।
द टाइम्स ऑफ इंडिया ने अलग रिपोर्ट में दक्षिण जिला पुलिस उपायुक्त अनंत मित्तल के हवाले से व्हाट्सऐप वीडियो कॉल पर धमकाने का विवरण दिया। अखबार के अनुसार साइबर साउथ पुलिस ने उगाही, धोखाधड़ी, किसी और की पहचान अपनाने और कथित जाली सामग्री इस्तेमाल करने से संबंधित ई-प्राथमिकी दर्ज की। ये जांच के आरोप हैं, दोष सिद्ध होने के निष्कर्ष नहीं।
पीटीआई के विवरण के अनुसार पुलिस ने रकम ऐसे खाते तक पहुंचने का पता लगाया जिसे कथित रूप से मुकेश कुम्हार नियंत्रित करते थे। इसके बाद ₹5.5 लाख रितिश कुमार मेहरा से जुड़े बताए गए खाते में भेजे गए। जांचकर्ताओं ने कुम्हार से जुड़े एक अन्य खाते में लगभग ₹50 लाख का लेनदेन और साइबर अपराध की दस शिकायतों से संबंध बताया। कुल लेनदेन से यह साबित नहीं होता कि पूरी रकम चोरी की थी या हर शिकायत प्रमाणित है।
द टाइम्स ऑफ इंडिया ने बताया कि पुलिस कथित कंबोडिया-संबंधी संपर्क की जांच कर रही है और फोन, बैंकिंग सामग्री तथा मुहरें जब्त की गई हैं। इससे किसी विदेशी संचालक की पहचान स्थापित नहीं होती। समीक्षा की गई सामग्री में मूल बैंक रिकॉर्ड, प्राथमिकी और आरोपियों के जवाब उपलब्ध नहीं थे। मामले की जांच जारी है।
