मोहसिन शेख की 2 जून 2014 को पुणे में नमाज के बाद लौटते समय हत्या हुई। अभियोजन ने आरोप लगाया कि आपत्तिजनक सोशल मीडिया पोस्ट के बाद सांप्रदायिक तनाव के बीच हिंदू राष्ट्र सेना से जुड़े लोग हमले में शामिल थे।

घटना या नीति का संदर्भ। यह मूल तथ्यात्मक ग्राफिक है; श्रेय और पूरा विवरण रिपोर्ट में है।
घटना या नीति का संदर्भ। यह मूल तथ्यात्मक ग्राफिक है; श्रेय और पूरा विवरण रिपोर्ट में है।

27 जनवरी 2023 को पुणे की सत्र अदालत ने संगठन के नेता धनंजय देसाई समेत आरोपियों को बरी कर दिया। अदालत ने माना कि साक्ष्य उचित संदेह से परे दोष साबित नहीं करते। देसाई ने खुद को गलत फंसाया गया बताया; शेख के भाई ने दुख जताकर हाई कोर्ट में न्याय मांगने की बात कही।

दर्ज कानूनी पड़ाव। यह ऐतिहासिक रिकॉर्ड वर्तमान अंतिम स्थिति तय नहीं करता।
दर्ज कानूनी पड़ाव। यह ऐतिहासिक रिकॉर्ड वर्तमान अंतिम स्थिति तय नहीं करता।

हत्या होना और दोषसिद्धि न मिलना अलग तथ्य हैं। अपील करने की घोषणा से यह साबित नहीं होता कि अपील दाखिल हुई या सफल रही। यह प्रविष्टि निचली अदालत का पड़ाव दर्ज करती है और बाद के किसी सत्यापित अपीलीय नतीजे का दावा नहीं करती।